राजस्थान सरकार    |    GOVERNMENT OF RAJASTHAN
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग
Food & Civil Supplies Department
Government of Rajasthan
टोल फ्री नंबर
1800-180-6030
हेल्पलाइन नंबर:
14445

उपभोक्ता संरक्षण सबंधी प्रचार-प्रसार

उपभोक्ता संरक्षण सबंधी प्रचार-प्रसार

उपभोक्ता हितों को सर्वोपरी रखते हुए राज्य में उपभोक्ता जागरूकता की दिशा में आरंभ से ही महत्वपूर्ण प्रयास किए जा रहे हैं। ‘जागरूक उपभोक्ता, सुरक्षित उपभोक्ता’ के साथ ही उपभोक्ता शिक्षा की दिशा में प्रभावी वातावरण निर्माण किए जाने के लिए राज्य में उपभोक्ता सूचना केन्द्रों की जहां पहल की गयी है वहीं राज्य आयोग की सर्किट बैंच की स्थापना भी की गयी है। राज्य के प्रमुख मेलों में उपभोक्ता जागृति कार्यक्रम संबंधी विशेष आयोजनों के साथ ही उपभोक्ता जागरूकता के लिए किए जा रहे प्रयास इस प्रकार से हैं-

उपभोक्ता संरक्षण सबंधी प्रचार-प्रसार गतिविधियाँ

क्रम स. राज्य सरकार के प्रयास
1 राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस का व्यापक आयोजन
2 उपभोक्ता हैल्पलाईन
3 उपभोक्ता जागृति अभियान-सीमित सहायता योजना
4 चल प्रयोगशाला


राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस का व्यापक आयोजन

दिनांक 24 दिसम्बर,2012 को राष्ट्रीय उपभोक्ता् दिवस राज्य स्तर एवं सभी जिलों में मनाया गया। इसमें जिला उपभोक्ता संरक्षण परिषद की बैठक एवं महिला संगोष्ठी आयोजित की गयी। इसके अतिरिक्त क्षेत्रीय लोकगीत एवं कविता प्रतियोगिता, चित्रकला प्रतियोगिता, कठपूतली/नुक्कड़ नाटकों का आयोजन किया गया। राष्ट्रीय उपभोक्ता दिवस का राज्य स्तरीय समारोह जयपुर में आयोजित किया गया।



उपभोक्ता हैल्पलाईन

राज्य में केन्द्र सरकार के निर्णयानुसार 15 मार्च, 2011 को ‘विश्व उपभोक्ता दिवस’ के अवसर पर उपभोक्ता हैल्पलाईन का शुभारम्भ किया जा चुका है। राज्य स्तरीय उपभोक्ता हैल्प लाईन का संचालन राज्य की स्वैच्छिक उपभोक्ता संस्था कन्ज्यूमर्स एक्शन एण्ड नेटवर्क सोसयटी ‘केन्स’ जयपुर द्वारा सुचारू रूप से किया जा रहा है। हैल्प लाईन का टोल फ्री नम्बर 1800 180 6030 है।



उपभोक्ता जागृति अभियान-सीमित सहायता योजना

स्वैच्छिक उपभोक्ता संगठनों एवं शैक्षणिक संस्थाओं इत्यादि को उपभोक्ता संरक्षण से सम्बन्धित कार्यक्रमों के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने हेतु विभाग ने यह योजना अप्रेल, 2007 में प्रारम्भ की है। इस योजना के अन्तर्गत 5000/- रूपयें से 50,000/- रूपयें तक की सहायता प्रदान की जा सकती है। 5000/- रूपयें तक की सहायता जिला कलेक्टर स्वयं के स्तर पर प्रदान कर सकते है। इससे अधिक राशि की सहायता के लिए प्रकरण खाद्य विभाग मुख्यालय में विचारार्थ प्रेषित किये जाने का प्रावधान है।



चल प्रयोगशाला

मिलावटियों के विरूद्ध मौके पर निःशुल्क जाँच किए जाने हेतु राज्य के सभी जिलों में चल प्रयोगशालाओं का शुभारम्भ दिनांक 19.04.2010 को किया गया है। चल प्रयोगशाला द्वारा मौके पर खाद्य पदार्थों में मिलावट की जानकारी करने हेतु स्पोट टेस्ट किए जाने वाले पदार्थों की सूची में खाद्य तेल, घी, पनीर,, दूध, मावा, पाऊडर आदि चाय, सुपारी, सुपारी चूरण, मसाले आदि साबूदाना, शर्करा/चीनी,कॉफ़ी, शहद, साधारण नमक, दाल, बेसन, आटा, बाजरा, अनाज, गेहॅूं, गुड, हल्दी, मिर्च, करी पाऊडर जैसे सामान्य मसाले, पिसे मसाले, धनिया मसाला, मिर्च, हल्दी पाऊडर आदि काली मिर्च (साबुत), बड़ी इलायची, जीरा बीज, (काला जीरा), हींग, चांदी का वर्क आदि शामिल हैं।